यूपीआई से डिजिटल लेनदेन करने वालों को राहत, एसबीआई और एचडीएफसी बैंक ने वापस लिया चार्ज

अगर आप स्मार्टफोन के जरिये एकीकृत भुगतान इंटरफ़ेस यानी यूपीआई भुगतान प्रणाली के जरिये लेन-देन करते हैं तो आपके लिए अच्छी खबर है। आपको तो पता ही होगा कि अभी हाल ही में देश के सबसे बड़े बैंक भारतीय स्टेट बैंक और एचडीएफसी बैंक ने इसके जरिये लेन-देन पर चार्ज लेने का फैसला किया था। लेकिन, आपको बता दें कि अब इन बैंकों ने यूपीआई पर लगने वाले चार्ज को वापस ले लियाहै। एनपीसीआई यानी नेशनल पेमेंट कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया से मीटिंग के बाद बैंकों ने ये फैसला लिया है और अब आगे की रणनीति तय करेंगे।  
बता दें कि यूनीफाइड पेमेंट इंटरफेस यानी यूपीआई के चालू होने के दो साल बाद बैंकों ने इसके जरिये मनी ट्रांसफर पर चार्ज लगाना शुरू कर दिया। इस मामले में भारतीय स्टेट बैंक ने एक जून से यह चार्ज लगाना शुरू कर दिया था जबकि निजी क्षेत्र के बड़े बैंक एचडीएफसी ने कस्टमर्स को ईमेल भेजकर यूपीआई ट्रांजैक्शंस पर चार्ज लागू करने की जानकारी दी थी। अकाउंट होल्डर्स को भेजे गए ई-मेल में एचडीएफसी बैंक ने कहा कि यूपीआई पर 10 जुलाई से चार्ज वसूला जाएगा।
स्टेट बैंक के अनुसार अगर आप स्टेट बैंक के अलावा किसी दूसरे बैंक के एटीएम से पैसे निकालते हैं तो आपको 20 रुपए अतिरिक्त चार्ज देना होगा। इसके अलावा एसबीआई के एटीएम से पांच से ज्यादा बार पैसे निकालने पर भी आपको 10 रुपए का अतिरिक्त चार्ज देना होगा।लेकिन अकाउंट में 25 हजार से अधिक बैलेंस रखने वालों के लिए राहत की खबर थी। ऐसे लोगों को एसबीआई एटीएम से पैसे निकालने पर कोई अतिरिक्त चार्ज नहीं देना होगा। जबकि 1 लाख रुपए से अधिक बैलेंस रखने पर आपको दूसरे बैंकों के एटीएम से पैसे निकालने पर कोई अतिरिक्त शुल्क नहीं देना होगा।
वहीं, एचडीएफसी बैंक ने 10 जुलाई से चार्ज लगाने की बात कही थी, लेकिन अब कहा है कि एनपीसीआइ के साथ बैठक के बाद इसके बारे में फैसला किया जाएगा। उधर, नेशनल पेमेंट कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया ने कुछ समय पहले कहा था कि अभी तक यूपीआइ ने कोई चार्ज नहीं लगाया है लेकिन यूपीआइ और आइएमपीएस जैसे प्लेटफार्म के लिए दो लोगों के बीच मनी ट्रांसफर पर चार्ज लगाना बैंकों के विवेक पर निर्भर है।

क्या है यूपीआई:
) स्मार्टफोन का उपयोग: स्मार्टफोन के जरिये लेन-देन के दो मुख्य तरीके हैं:
A) एकीकृत भुगतान इंटरफ़ेस: यूपीआई भुगतान प्रणाली में स्मार्टफोन का इस्तेमाल करते हुए दो बैंकखातों के बीच धन हस्तांतरण कर सकते हैं। इसमें  ग्राहक अपने बैंक खाते से बिना क्रेडिट कार्ड डीटेल्स, आईएफएससी कोड, या नेट बैंकिंग/वॉलेट पासवर्ड की जानकारी दिए बिना विभिन्न व्यापारियों कोऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों तरह का भुगतान कर सकता है। इसके लिए किसी भी मौजूद बैंक से यूपीआई ऐप डाउनलोड करें और किसी भी बैंक खाते के साथ वर्चुअल प्राइवेट पता (VPA) स्थापित करें। फिर आप  VPA के साथ एम-पिन का उपयोग करते हुए किसी को भी धन हस्तांतरण कर सकते हैं। आप एक यूपीआई ऐप में विभिन्न बैंकों को एकीकृत कर सकते हैं।
B) ई-वॉलेट: पैसा रखने के लिए ये एक प्रीपेड अकाउंट है जिसके जरिये बिना डेबिट कार्ड, क्रेडिट कार्ड या इंटरनेट बैंकिंग पासवर्ड के इस्तेमाल के ही भुगतान कर सकते हैं। बस अपने ई-वॉलेट में पैसे डलवायें और जब जरूरत हो, इसका इस्तेमाल करें। ई-वॉलेट चार कदम की एक साधारण प्रक्रिया है:
1) मोबाइल वॉलेट या ई-वॉलेट ऐप डाउनलोड करें 
2) जानकारी देकर नया वॉलेट बनाएं और पंजीकरण कराएं
3) अपने बैंक से आईएमपीएस फंड ट्रांसफर, क्रेडिट कार्ड या 
डेबिट कार्ड का उपयोग कर अपने वॉलेट में पैसे डलवाये
4)ई-वॉलेट से भुगतान करें
कई तरह के वॉलेट हो सकते हैं जैसे बंद वॉलेट (जैसे फ्लिपकार्ट वॉलेट), अर्द्ध बंद वॉलेट (कई जगहों पर इस्तेमाल किया जा सकता है, लेकिन पैसे निकालना या मोचन (रिडेम्प्शन) संभव नहीं है जैसे कि पेटीएम और मोबीक्विक), खुले वॉलेट (जो बैंक द्वारा जारी किए जाते हैं जैसे एसबीआई बड्डी या एचडीएफसी चिल्लर)। पहले लोग वॉलेट यानि बटुए को अपने पॉकेट में रखते थे लेकिन आजकल इसी बटुए को अब मोबाइल में भी रख सकते है जिसे ई-वालेट / E-Wallet  कहते है इसके लिए हमारे पास खुद का एक बैंक अकाउंट होना जरुरी है और अपने बैंक अकाउंट के साथ अगर Intennetbanking का प्रयोग करते है तो हमारे लिए और भी अच्छा है
ई-वालेट / E-Wallet के लिए हमारे पास एक Smartphone के साथ उसमे Net Connectivity यानि Interent Facility भी होना जरुरी है जो आजकल लगभग सभी युवाओ के पास होता है तो अपने मोबाइल के Playstore में जाकर हमे Paytm, Freecharge, Mowikwik, Novapay या Payumoney जैसे App Download कर सकते है जिनके द्वारा इनमें से किसी App को Activate करने के बाद हमारा मोबाइल एक चलता फिरता बैंक या ई-वालेट / E-Wallet के रूप में तैयार है
तो आप जिस क्षेत्र में रह रहे है वहा पर पता करे की लोग कौन सा App ज्यादा Use कर रहे है उसके हिसाब से अपना ई-वालेट / E-Wallet Activate करें

No comments